How to Apply for Public Utility Lok Adalat

How to Apply for Public Utility Lok Adalat

आवेदन में क्या विवरण/प्रारूप होना चाहिये?

अधिनियम के अध्याय छह-क में स्थायी लोक अदालत के समक्ष आवेदन प्रस्तुति का कोई प्रारूप नहीं किया गया है। अधिनियम की धारा 22-घ अनुसार स्थायी लोक अदालत सिविल प्रक्रिया संहिता 1908
तथा भारतीय साक्ष्य अधिनियम 1872 के प्रावधानों से आबद्ध नहीं होगी।

स्थायी लोक अदालत के समक्ष विवाद का कोई भी पक्षकार विवाद के निराकरण के लिए आवेदन उसमें निम्न विशिष्टिया अंतर्विष्ट करते हुए दे सकता है:

1. आवेदक के पूर्ण विवरण,
2. अनावेदक के पूर्ण विवरण (अनावेदक के कार्यालय के सक्षम प्राधिकारी के विवरण सहित)
3. लोक उपयोगी सेवा, जिसके संबंध में आवेदन दिया है उसके विवरण
4. ऐसी लोक उपयोगी सेवा प्रदाता द्वारा जो सहायता नही दी गयी/कार्य नही किया उसके विवरण
5. ऐसे सहायता करने/ कार्य करने हेतु सेवा प्रदाता से किये गये अनुरोध के विवरण
6. ऐसी वांछित सहायता के संबंध में क्षेत्राधिकार विषयक विवरण
7. वांछित सहायता हेतु यदि किसी न्यायालय/अन्य फोरम में कार्यवाही की हो तो उसके विवरण
8. अनुतोष

ऐसे आवेदन के साथ दिये गये विवरण के समर्थनकारी दस्तावेज, यदि कोई हो, की प्रस्तुति अपेक्षित है।

आवेदन कहाँ पंजीबद्ध होगा?

लोक अदालत स्कीम 1997 का नियम 13 सुसंगत होकर निम्नवत् है:
13. अधिनियम की धारा 20 के अधीन या अन्यथा निर्दिष्ट किए गए मामलो के अभिलेख बनाए रखने की प्रक्रिया (1) यथास्थिति उच्च न्यायालय विधिक सेवा समिति या जिला प्राधिकरण का सचिव या तालुक विधिक सेवा समिति का
अध्यक्ष एक रजिस्टर बनाए रखेगा जिसमें लोक अदालत को बतौर निर्देश के उसके द्वारा प्राप्त समस्त मामले निम्नलिखित विवरण देते हुए प्रविष्ट किए जाएंगे:
(एक) प्राप्ति की तारीख,
(दो) मामलो का प्रवर्ग तथा विषयवार प्रकृति,
(तीन) ऐसी अन्य विशिष्टियां,जो कि आवश्यक समझी जाए,
और (चार) समझौते की तारीख तथा फाईल वापसी की तारीख
(2) जब लोक अदालत द्वारा मामला अंतिम रूप से निपटा दिया जाए तब रजिस्टर में समुचित प्रविष्टि की जाएगी। म.प्र.
___ राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण द्वारा स्थायी एवं निरंतर लोक अदालत आयोजित करने के लिए लोक अदालत स्कीम
1997 के अंतर्गत जारी अनुदेशो के भाग दो का नियम क्रमांक 2 (दो) निम्नवत् है: 2 (दो) वाद के पेश करने के पश्चात ,उसे सुलह के लिए मामले के रूप में रजिस्ट्रीकृत किया जावेगा।
इस प्रकार स्थायी लोक अदालत में प्रस्तुत होने वाले मामलो की एक पंजी होगी।

पी.एल.ए.-पी.यू.एस.केसमक्षआवेदन कैसेसस्थित कियाजाए?

• आवेदन समर्थनकारी दस्तावेजों के साथ एक साधारण पेपर पर दिया जा सकता है।
• आवेदक स्वयं उपस्थित होकर या अपने प्राधिकृत प्रतिनिधि द्वारा या वकील के माध्यम से कार्यालय समय के दौरान
फाइल किया जा सकता है।
• कोई न्यायालय शुल्क नहीं।

पी.एल.ए.-पी.यू.एस. की संरचना अध्यक्ष - जिला न्यायाधीश या अपर जिला न्यायाधीश या न्यायिक
अधिकारी जो जिला न्यायाधीश से उच्च श्रेणी का न हो।
सदस्य (दो)- किसी लोक उपयोगी सेवाओं में पर्याप्त अनुभव प्राप्त